एपिनाल
एपिनाल
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| पुस्तक नाम | हिन्दी विश्वकोश खण्ड 2 |
| पृष्ठ संख्या | 241 |
| भाषा | हिन्दी देवनागरी |
| संपादक | सुधाकर पाण्डेय |
| प्रकाशक | नागरी प्रचारणी सभा वाराणसी |
| मुद्रक | नागरी मुद्रण वाराणसी |
| संस्करण | सन् 1964 ईसवी |
| उपलब्ध | भारतडिस्कवरी पुस्तकालय |
| कॉपीराइट सूचना | नागरी प्रचारणी सभा वाराणसी |
| लेख सम्पादक | श्यामसुंदर शर्मा |
एपिनाल फ्रांस की उत्तर-पूर्वी सीमा पर स्थित 'वोसजेस विभाग' की राजधानी है। इसकी स्थिति एक सँकरी घाटी में 'मोज़ेल' नदी के किनारे समुद्र से 1070 फुट की ऊँचाई पर पेरिस से 190 मील (रेल द्वारा 260 मील) दक्षिण-पूर्व में है। एपिनाल का विकास दसवीं शताब्दी में निर्मित एवं थियोडोरिक प्रथम द्वारा स्थापित एक मठ के आस पास हुआ है। यह नगर सूत कताई तथा कपड़े बुनने के लिए प्रसिद्ध है, साथ ही यहाँ वस्त्रों पर छपाई, कसीदाकारी तथा हैट बनाने का कार्य भी होता है। सस्ती मूर्तियाँ, खुदाई, पच्चीकारी तथा पत्थर पर छपाई करना यहाँ के विशेष उद्योग हैं। व्यापार की मुख्य वस्तुओं में मदिरा, अन्न, पशु तथा मैदा बनाना है। बेलफ़ोर्ट (Belfort), डीजों दिजों, तथा बज़ाँसों (नगरों) के साथ यह नगर मोज़ेल के किनारे किनारे किलों की एक कतार बनाता है।
टीका टिप्पणी और संदर्भ